Ransomware Wannacry क्या है और इससे कैसे बचें

What Is Ransomwore Wannacry In Hindi - Technical Guruji

0

आजकल इंटरनेट पर Hacking ओर डाटा चुराने जैसी घटनाएं बहुत ज्यादा बढ़ गई है। बहुत से लोगों को पर्सनल डाटा चोरी होने लगा है और hackers इस काम को कई तरह से अंजाम देते हैं, जैसे – कोई Virus, Hacking Software ओर Apps इत्यादि। लेकिन आजकल हैकर्स hacking ओर डाटा चोरी करने के लिए एक ओर नया तरीका अपना रहे हैं, जिसको कंप्यूटर की भाषा में Ransomware Wannacry कहा जाता है और इससे बहुत से लोग प्रभावित या परेशान हैं। Ransomware Wannacry से बहुत से लोगों का पर्सनल डेटा चोरी हुआ है और आज hackers या Dark Web में यह मुख्य हथियार बना हुआ है।

 

12 मई 2017 को दुनिया के 70 से ज्यादा देशों में Ransomware wannacry के अटैक ने लोगों के होश उड़ा दिए थे।

पूरी दुनिया मे ransomware चर्चा का विषय बना हुआ है। आमतौर पर ransomware email या pop-ups के मध्य से transmit किया जाता है। इसमें लोगों का Data Block कर दिया जाता है और फिरौती ना देने पर डाटा को नष्ट करने की धमकी दी जाती है।

हाल ही में ransomware wannacry के attackers से दुनिया भर में लाखों computers और कर्मचारियों से डाटा अनलॉक करने के लिए Bitcoin में $300 की फिरौती की मांग की। ऐसा नहीं है कि सिर्फ आम लोगों को ही Ransomware भेजे गए हैं। बड़ी कंपनियों और सरकारों को भी अपने डेटा का भय सता रहा है। कई अफवाहों मे Online banking से लेकर ATM तक के उपयोग पर Ransomware का जाल बिछा होने की बात की जा रही है। इन अफवाहों से सावधान रहने की आवश्यकता है।

 

लेकिन क्या है यह Ransomware, ओर इससे कैसे बचें? क्या आप जानते हैं कि Ransomware Wannacry क्या है? इससे कैसे बच सकते हैं?

अगर नहीं, तो मैं इस पोस्ट में आज आपकी मदद करने वाला हूं और बताने वाला हूं कि रैनसमवेय क्या होता है और इस खतरनाक वायरस या हैकिंग सॉफ्टवेयर से आप अपनी मशीन (computer, laptop या Smartphone) को कैसे बचा सकते हैं।

Ransomware Kya Hai ओर Isse Bache (Ransomware wannacry Attack से कैसे बचें)

Ransomware Wannacry kya hai

Ransomware Wannacry Kya है?

Wikipedia Se – यह एक प्रकार से मैलवेयर का ही एक रूप है जो प्रायः स्पैम ईमेल के रूप में फैलता है। रैनसमवेयर (Ransomware) एक प्रकार का दुर्भावनापूर्ण फिरौती मांगने वाला सॉफ्टवेयर है। इसे इस तरह से बनाया जाता है कि वह किसी भी Computer System के सभी फाइलों को Incorrupt कर दे। जैसे ही सॉफ्टवेयर इन फाइलों को इनक्रिप्ट कर देता है, वैसे ही वह फिरौती मांगने लगता है और धमकी देता है कि यदि उतनी राशि नहीं चुकाई तो वह कंप्यूटर के सभी फाइलों को बर्बाद कर देगा। इसके बाद इन फाइलों तक कंप्यूटर उपयोगकर्ता तब तक देख या उपयोग नहीं कर सकता जब तक वह फिरौती में मांगी गई राशि का भुगतान न कर दे।

 

खास बात यह है कि इसमें फिरौती की रकम चुकाने हेतु समयसीमा निर्धारित की जाती है और यदि कोई समय से पैसा नहीं चुकाता तो उसके लिए फिरौती की रकम बढ़ जाती है।

 

Ransomware से अपनी मसीन (Computer ओर Mobile) को सुरक्षित कैसे बनायें –

अपने Business के लिए Security Plan तैयार करें

बड़े Business houses में Security updates को पूरे बिजनेस पर अप्लाई करना काफी मुश्किल काम होता है। यदि एक employee की मशीन या कंप्यूटर में सिक्योरिटी गड़बडाती है तो इस पूरे नेटवर्क से अन्य मशीन भी प्रभावित हो सकती है। IT Profession में एम्पलाइज को संदेहास्पद E-mail के बारे में शिक्षित करना चाहिए।

 

Data का Backup तैयार करें

आपके कंप्यूटर को कोई hacker हाईजैक या hack कर लेता है तो इस स्थिति से बचने के लिए डाटा पहले से कहीं और स्टोर होना चाहिए। यह कोई Physical hard drive भी हो सकती है। ऐसे में यदि यदि कोई हैकर आपकी मशीन को लॉक कर देता तो आप मशीन से सारा डाटा डिलीट कर सकते हैं और बैकअप से इसे रिस्टोर कर सकते हैं।

 

Antivirus Software इंस्टॉल करें

आपको Windows को Update रखने के साथ-साथ लेटेस्ट सिक्योरिटी पैच काम में लेनी चाहिए। अच्छा Antivirus software आपके कंप्यूटर को malware से प्रभावित होने से बचा सकता है। आपको सही एंटीवायरस के चुनाव पर विचार करना चाहिए। एक सर्वे के मुताबिक 30% Famous Antivirus System Malware का पता लगाने और उन्हें खत्म करने में सक्षम हैं।

 

Software को Update करे

Security experts के मुताबिक यह Ransomware ईमेल से डाउनलोड होने के बाद मशीन या computer को प्रभावित करता है। अपनी मशीन पर संदिग्ध emails को डाउनलोड नहीं करना चाहिए। मशीन पर top security updates है तो मशीन प्रभावित नहीं होगी। pc को रेनसमवेयर के हमले से सुरक्षित बनाना चाहते हैं तो पीसी पर लेटेस्ट सॉफ्टवेयर अपडेटस इंस्टॉल कर लेना चाहिए।

 

Risky Emails और Popups से बचें –

Security experts का मानना है कि wannacry शुरुआत में कंप्यूटर्स को ईमेल अटैचमेंट के माध्यम से प्रभावित करता है। इसलिए आपको सन्देहास्पद ईमेल के लिंक पर क्लिक करने से बचना चाहिए। आपको ध्यान से देखना चाहिए कि किस एड्रेस से ईमेल भेजा जा रहा है। Ransomware बनाने वाले अक्सर pop-ups Windows का इस्तेमाल करते हैं। इन पॉपुप्स के माध्यम से किसी भी चीज़ पर क्लिक करने से बचें। आपको सिर्फ जरूरी इमेल्स को ही ओपन करना चाहिए। आपको गैरजरूरी इमेल्स तुरंत डिलीट करना चाहिए।

 

अगर पहले से प्रभावित हो तो क्या करें –

अगर आप पहले से ही Ransomware के शिकार है तो सबसे पहले आपको अपने कंप्यूटर को internet से disconnect करना चाहिए। इस तरह दूसरा कंप्यूटर प्रभावित नहीं होगा। इसके बाद आपको कानूनी मदद भी लेनी चाहिए। आपको किसी technology professional से मिलना चाहिए और अपनी परेशानी के बारे में बताना चाहिए। वह data recovery के बारे में आपको सही राय दे सकता है। आपको घबराने की बजाएं समझदारी से काम लेना चाहिए।

 

Quick Solutions –

  • E-mail से आने वाली Executable (.exe ) Files को block कर दे ।
  • Ransomware के attack हुए सिस्टम को तुरंत अपने Network से अलग कर दें।
  • Backup से या system restore points से Encrypt की गई फ़ाइलो को रेस्टोर करें।\
  • सभी active security modules में ईस्केन इन्सटॉल और कॉन्फ़िगर करें।
  • email मै attachment के जरिए आने वाले documents में मैक्रो एनेबल न करें।
  • unknown source से प्राप्त होने वाले attachment न खोले।
  • एक Backup समाधान बनाये रखे और इसे लागू करें।
  • अपनी इंटरनेट से जुड़ी सर्विसेज का एक ही पासवर्ड रखने से बचना चाहिए।
  • Mail scane के जरीए gateway lavel पर मेल सर्वर को सुरक्षित करें ताकी ऐसे संधिगध् ईमेल रोके जा सके ।
  • अपने एन्टीवॉयस की क्वालिटी के बारे मैं पूरी जानकारी रखें।

तो दोस्तों, यह थी मेरी आज की जानकारी Ransomware wannacry के बारे में ओर इससे आप कैसे बच सकते हैं के बारे में। उम्मीद करता हूं आपको यह जानकारी जरूर पसंद आई होगी और आपके लिए यह काफी मददगार भी होगी। ऐसी ही अन्य Geek जानकारियों के लिए हमेशा मेरी वेबसाइट Technical Guruji के साथ जुड़े रहें और website को visit करते रहें।

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

Leave A Reply

Your email address will not be published.